नई दिल्ली: संसद का मानसून सत्र सोमवार से शुरू हो रहा है। मानसून सत्र से पहले शनिवार को विपक्षी गठबंधन आइएनडीआइए में शामिल 24 दलों ने ऑनलाइन बैठक की और इस बैठक में मानसून सत्र में उन मुद्दों पर सहमति बनाने की कोशिश की गई, जिन्हें वे सत्र के दौरान सदन में उठाएंगे और सरकार को अपने सवालों से घेरेंगे। इसके साथ ही सभी दलों ने तय किया है कि सत्र मं विपक्षी एकजुटता का संदेश भी देंगे। विपक्ष की इस ऑनलाइन बैठक में कांग्रेस, तृणमूल कांग्रेस, द्रमुक, राजद, सपा, एनसीपी(एसपी), शिवसेना (यूबीटी), जेएमएम, माकपा, भाकपा, फारवर्ड ब्लाक, आइयूएमएल और केरल कांग्रेस सहित 24 पार्टियों ने भाग लिया।
सरकार को घेरने क लिए इन मुद्दों पर हुई चर्चा
बता दें कि विपक्षी गठबंधन के तमाम दलों ने देश की राजनीतिक स्थिति पर संयुक्त रूप से विचार करने के लिए लंबे समय बाद एक साथ बैठक की है। कांग्रेस महासचिव ने बैठक शुरू होने के बाद एक्स पर एक पोस्ट में बैठक के बारे में पूरी जानकारी दी। उन्होंने बताया कि बैठक में कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा हुई जिसमें बिहार में निर्वाचन आयोग की विशेष गहन पुनरीक्षण प्रक्रिया, पहलगाम हमले और ऑपरेशन सिंदूर पर चर्चा की मांग शामिल है।
इन मुद्दों को विपक्ष सदन में जोर-शोर से उठाएगा
- बिहार में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण पर कड़ी आपत्ति जताई जा रही है और विपक्षी पार्टियां इसे रद करने की मांग कर रही हैं क्योंकि बिहार में इस साल के अंत तक विधानसभा चुनाव होने वाले हैं।
- पहलगाम हमले और ऑपरेशन सिंदूर के बारे में जवाब मांगा गया और इस दौरान देश को हुए नुकसान पर भी सवाल उठाए हैं।
- अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के भारत और पाकिस्तान के बीच लड़ाई बंद करवाने के दावों और न्यायाधीश यशवंत वर्मा के खिलाफ महाभियोग की मांग आदि मुद्दों पर भी मंथन हुआ।
- संसद सत्र के दौरान जम्मू और कश्मीर का पूर्ण राज्य का दर्जा बहाल करने, देश में महिलाओं के खिलाफ बढ़ते अत्याचारों, किसानों की समस्याओं, बढ़ती बेरोजगारी, देश की सुरक्षा मुद्दा उठाने का भी संकल्प लिया गया।
RB News World Latest News